जगदलपुर - बस्तर अधिकार मुक्ति मोर्चा के प्रमुख संयोजक एवं जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ जे पार्टी के संभागीय अध्यक्ष श्री नवनीत चंद के नेतृत्व में लाल पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं की एक टीम ने ईस्ट कोस्ट रेलवे जीएम श्री परमेश्वर फंकवाल से मुलाकात कर बस्तर में रेलवे सुविधाओं एवं सेवाओं विस्तारीकरण स्वीकृत परियोजना में हो रहे विलंब के साथ वर्तमान रेलवे व्यवस्थाओं पर चर्चा की एवं उन्हें 13 सूत्रीय अपने मांगों का ज्ञापन सौंपा गया।
विदित हो कि मुक्ति मोर्चा के प्रमुख संयोजक एवं जनता कांग्रेस के संभागीय अध्यक्ष श्री नवनीत लंबे समय से न केवल बस्तर की समस्याओं के लिए बल्कि बस्तर में विकास एवं सुविधाओं को लेकर बस्तर की आवाज बने हुए हैं। श्री नवनीत में इस विषय में कहा कि श्रेष्ठ बस्तर के लक्ष्य के साथ हमारे द्वारा बस्तर में रेलवे सेवा एवं सुविधा को लेकर लगातार सभी स्तर पर प्रयास किया जा रहा है ।
उन्होंने ज्ञापन के विषय में जानकारी देते हुए कहा कि सन 1960 में 55 करोड रुपए की लागत से जापान की तकनीकी सहायता प्राप्त कर किरंदुल से विशाखापट्टनम तक बिछी हुई यह रेलवे लाइन छत्तीसगढ़ राज्य सहित संपूर्ण देश-विदेश के औद्योगिक जगत में कच्चा लोहा परिवहन कर आर्थिक उन्नति में एक बड़ा योगदान अदा करता है,बस्तर वासियो के लिए हर्ष का विषय है कि आर्थिक सर्वेक्षण 2023-24 में इस रेलवे लाइन ने 2252 करोड रुपए से अधिक की कमाई,किरंदुल से कच्चा लोहा ढूलाई कर प्राप्त किया है!जो की मंडल की कुल आय का 25% से भी अधिक है वर्ष 24 -25 मे 259.25मिलियन टन से अधिक माल ढुलाई का रिकॉर्ड बनाया गया है जिसका वित्त विवरण अभी आना बचा है!
श्री नवनीत ने आगे कहा कि परंतु हम बस्तरवासियो सहित पूरे देश के लोगों को यह विश्वास है! ईस्ट कोस्ट रेलवे जोन के अंतर्गत आने वाला मंडल रेल प्रबंधक विशाखापट्टनम और मंडल रेल प्रबंधक रायगढ़ के संयुक्त नेतृत्व में यह किरंदुल विशाखापट्टनम रेलवे लाइन कच्चा लोहा ढलाई में अपने अब तक के पुराने रिकॉर्ड को तोड़ेगा। इसके लिए सभी रेलवे के जिम्मेदार और वरिष्ठ अधिकारियों को हमारी शुभकामनाएं।
बस्तर बेटा ने कहा कि विडंबना है कि करोड़ अरबो रुपए के कच्चा लोहा ढूलाई के माध्यम से रेलवे के आर्थिक उन्नति के पश्चात भी बस्तर के विकास के लिए स्वीकृत सभी रेलवे परियोजनाएं कछुए की गति के आधार पर परिचालन कर रही हैं वहीं यात्री ट्रेन सुविधाओं की भारी कमी झेल रहा यह बस्तर आर्थिक रूप से देश और रेलवे को मजबूत करने के बाद भी अपने वास्तविक रेलवे सुविधाओं के अधिकारों से वंचित है जो की रेलवे विभाग के लिए खेद का विषय होना चाहिए!
*ज्ञापन में निम्नलिखित बिंदुओं में मोर्चा एवं पार्टी ने अपनी मांगों को सामने रखा है -
(1) वर्ष 2011-12 में स्वीकृत किरंदुल- कोतवालसा रेलवे लाइन दोहरीकरण परियोजना, समापन 2014 तक हो जाना निश्चित था परंतु विडंबना आज पर्यंत तक वह अधूरा हैँ! 2011-12 15 तक इस परियोजना की लागत 4816 करोड़ थी जो अब 2023 तक बढ़कर 7200 करोड रुपए हो गई तो वही, 2026 तक नई रिवाइज रेट परियोजना की लागत और बढ़ने से देश को हुए आर्थिक नुकसान को देखते हुए, इस परियोजना के विलंब होने के संपूर्ण कार्य योजना प्रक्रिया की जांच, एवं देश के कोषालय पर आए अतिरिक्त भार की जिम्मेदार परियोजना प्रभारियों पर कार्यवाही एवं अधिक आर्थिक लागत की वसूली की मांग!
(2) बस्तर के रेलवे विकास के रूप में मिल का पत्थर साबित होने वाले राव घाट रेलवे परियोजना का बजट 3513.11 करोड़ की लागत से जगदलपुर से रावघाट 140 किलोमीटर रेलवे लाइन द्वितीय स्वीकृति 8 में 2025 को प्राप्त हुई है! परंतु अभी तक कार्य प्रारंभ नहीं हो पाया है! अतः भूमि अधिग्रहण, अधिग्रहण उचित मुआवजा, हितग्राहियों को रेलवे मे नौकरी के आदेश एवं टेंडर प्रक्रिया को 3भाग मे पूर्ण कर, परियोजना हेतु जगदलपुर मुख्यालय में इसके ऑफिस का संचालन कर, जल्द से जल्द से जल्द कार्य प्रारंभ किये जाने की मांग!
(3) बस्तर रेलवे लाइन के माध्यम से यात्री ट्रेनों जैसे जगदलपुर रायपुर दुर्ग इंटरसिटी कनेक्टिविटी एक्सप्रेस में बदल- समय को परिवर्तन कर पुनः परिचालन, हैदराबाद सिकंदराबाद सीधी कनेक्टिविटी, नई दिल्ली सीधी कनेक्टिविटी सहित कोरापुट -जगदलपुर तक संचालित सभी ट्रेनों को जगदलपुर किरंदुल तक संचालित किए जाने की मांग!
(4) किरंदुल से लेकर छत्तीसगढ़ सीमा तक किरंदुल विशाखापट्टनम रेलवे लाइन में आ रहे सभी रेलवे फटकों पर रेलवे पूर्व से लंबित ओवरब्रिज निर्माण पर राज्य सरकार और रेलवे विभाग के आपसी समन्वय से कार्य स्वीकृत किये जाने की मांग!
(5) भारतीय रेलवे खेल संवर्धन बोर्ड के माध्यम से बस्तर संभाग मुख्यालय में रेलवे स्पोर्ट्स अकैडमी स्थापना किए जाने की मांग!
(6)आई आर ई पी एस निविदा योजनाओं के माध्यम से बस्तर के युवा बेरोजगारों को स्वरोजगार हेतु विशेष शिविर लगा रेलवे ठेकेदार पंजीयन करवाए जाने की मांग!
(7) बस्तर के बेरोजगार युवक युवतियों को तकनीकी रूप से कौशल बनाने हेतु रेलवे कौशल विकास योजना के माध्यम से प्रशिक्षित किए जाने हेतु विशेष कार्यक्रम चलाने की मांग!
(8) बस्तर में रेलवे गुड्स एवं खनिज संपदा के परिवहन में बढ़ोतरी को ध्यान में रखते हुए, स्थानीय स्तर पर रोजगार स्वरोजगार को ध्यान में रखते हुए,बस्तर जिले के अंतर्गत सभी रेलवे स्टेशनों में सर्व सुविधा युक्त रेक साइडिंग निर्माण किए जाने की मांग!
(9) किरंदुल विशाखापट्टनम रेलवे लाइन में बस्तर संभाग के अंतर्गत संचालित सभी रेलवे साइडिंग एवं एनएमडीसी अथवा निजी लोडिंग अनलोडिंग साइड में संपूर्ण प्रक्रिया में बर्ती जा रही अनियमिता रेलवे रेक के इन्वाइस मे दर्शाय गए कच्चे लोहे की मात्रा व रेलवे रेक में उपलब्ध वास्तविक कच्चे लोहे की बेवरेज वास्तविक मात्रा की जांच व केंद्रीय श्रमिक अधिनियम सुरक्षा शर्तों के पालन की मांग!
(10) जगदलपुर मुख्यालय रेलवे के अंतर्गत निर्मित गेस्ट हाउस को सर्व सुविधा युक्त गेस्ट हाउस बनाये जाने एवं सभी स्टेशनों में सर्व सुविधा युक्त केंटीन संचालन किये जाने की मांग!
(11) बस्तर संभाग मुख्यालय रेलवे जोन के अंतर्गत संचालित अस्पताल को सर्व सुविधा युक्त किए जाने एवं आम लोगों के इलाज की विशेष इजाजत दिए जाने की मांग!
(12) किरंदुल- कोतावालसा रेलवे लाइन दोहरीकरण परियोजना को पूर्ण किए जाने एवं राव घाट रेलवे परियोजना द्वितीय चरण, कोठागोडम- किरंदुल परियोजना का जल्द से जल्द कार्य प्रारंभ किए जाने की मांग!
( 13) बस्तर क्षेत्र में रेलवे की जमीन पर लंबे वर्षों से किए गए अतिक्रमण कर रह रहे निवासियों को, राज्य सरकार जिला प्रशासन के साथ संबंध में बैठा पुनर्वास किये जाने की मांग!
इस दौरान बस्तर अधिकार मुक्ति मोर्चा एवं जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ जें के पदाधिकारी के रूप मेंजगदलपुर विधानसभा विधानसभा अध्यक्ष मेहताब सिंह महिला मोर्चा अध्यक्ष प्रिया यादव, महामंत्री निहारिका सिंह,यूथ अध्यक्ष हिमांशु नाग शहर मंडल महामंत्री संतोष सिंग, सुरेश नाग,चित्रकोट विधानसभा अध्यक्ष कमल बघेल ग्रामीण जिला महामंत्री संतु कश्यप बस्तर विधानसभा अध्यक्ष नोबी निषाद विधानसभा उपाध्याय नरपति बघेल रॉडिक सोमा तोकापाल ब्लॉक अध्यक्ष राजू वेट्टी जगदलपुर मंडल उपाध्यक्ष धनसिंग बाघेल उपस्थित रहे।





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